Jamui Minor Harassment Case: Three people have been arrested in Bihar’s Jamui district following a viral video showing the harassment and assault of two minor Class 10 students.The incident occurred on the evening of September 19, 2026, at around 6:30 PM.
बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से कथित बदसलूकी का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामले में पॉक्सो की धाराएं लगाई गई हैं और SIT जांच कर रही है। राष्ट्रीय महिला आयोग ने स्वतः संज्ञान लेकर बिहार डीजीपी से इस घटना की कार्रवाई रिपोर्ट सात दिन में मांगी है। वीडियो वायरल के अनुसार 10वीं कक्षा में पढ़ने वाले छात्र-छात्रा कोचिंग के बाद स्कूटी से लौट रहे थे। इसी दौरान कुछ लोगों ने उनकी स्कूटी रोक ली। दोनों को घेरकर पूछताछ की गई और उनके साथ कथित तौर पर मारपीट तथा अभद्र व्यवहार किया गया।

बिहार के जमुई में एक प्रेमी जोड़े को घूमना भारी पड़ गया। शाम के वक्त जब यह दोनों एक सड़क से गुजर रहे थे, तो कुछ लोगों की भीड़ ने उन्हें घेर लिया और उनके साथ यौन उत्पीड़न जैसी गंभीर आपराधिक गतिविधि को अंजाम दिया। मामले ने तब तूल पकड़ा, जब सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल हुआ. इससे बिहार में लड़कियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। वीडियो में एक शख्स लड़की को बेरहमी से सड़क से उठाकर दूसरी तरफ ले जाते हुए नजर आ रहा है। जमुई एसपी विश्वजीत दयाल ने इस घटनाक्रम से जुड़े वीडियो की पुष्टी करते हुए कहा है कि छात्रा की पहचान की गई है। इस मामले में सात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। अभी तक इस मामले में तीन लोगों गिरफ्तार किया गया है।
#Jamui viral video case: सोशल मीडिया पर जो वीडियो वायरल है उसके मुताबिक, नाबालिग छात्र छात्रा मोपैड बाइक पर बैठे हैं। दोनों को भीड़ ने घेरा हुआ है। भीड़ में मौजूद लोगों की तरफ से लड़की का यौन उत्पीड़न किया जा रहा है। जमुई एसपी विश्वजीत दयाल ने कहा है कि सुबह वीडियो हमारी संज्ञान में आया। इसमें दो नाबालिग स्टूडेंट के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा है। वीडियो के आधार पर ही विक्टिम की पहचान हो गयी है। पीड़िता के बयान लिए गए हैं।उन्हीं से जानकारी मिली है कि 19 सितंबर की शाम सात बजे ये लड़का और लड़की कोचिंग के लिए गए थे। घटनास्थल वाली जगह पर दोनों फोटो शूट करने के लिए उस इलाके में गए थे। तभी इस तरह की घटना सामने आई है। ये घटना जमुई थानाक्षेत्र की है। पीड़ितों ने इस घटनाक्रम को लेकर किसी तरह की आधिकारिक शिकायत नहीं दी थी। जब उनसे संपर्क किया तो आवेदन दिया गया। इस आधार पर एफआईआर दर्ज किया गई है। इस घटना की जांच और कार्रवाई को लेकर एसडीओपी के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया है। एसआईआटी की टीम लगातार छापेमार कार्रवाई कर रही है। अब तक वीडियो के आधार पर तीन लोगों को अरेस्ट किया गया है। एसपी विश्वजीत दयाल ने बताया गिरफ्तार यह तीनों जमुई थाना क्षेत्र के मढ़वा गांव के रहने वाले हैं। इसमें पांच लोगों की पहचान हुई है।
एडीजी बिहार लॉ एंड ऑर्डर केएस अनुपम बोली अब तक तीन आरोपी गिरफ्तार
एडीजी बिहार लॉ एंड ऑर्डर केएस अनुपम ने बताया कि इस केस में जो तीन आरोपी को गिरफ्तार किया गया है जो वो नाबालिग हैं। जमुई मामले में अब तक 13 फेसबुक, 12 इंस्टाग्राम और 7 X (ट्विटर) अकाउंट्स के खिलाफ टेकडाउन की कार्रवाई की गई है। एडीजी ने कहा कि इस घटना को लेकर जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है. इसकी निगरानी जमुई एसडीपीओ के नेतृत्व में की जा रही है।
राष्ट्रीय महिला आयोग ने स्वतः संज्ञा लिया , निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए
https://x.com/NCWIndia/status/2101972764290854930
#NCW: एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष विजया राहतकर ने बिहार के डीजीपी को पत्र भेजकर मामले में तत्काल एफआईआर, सभी आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी तथा समयबद्ध और निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं। राष्ट्रीय महिला आयोग ने बिहार के जमुई जिले में एक युवती एवं उसके पुरुष साथी के साथ कथित सार्वजनिक छेड़छाड़, मारपीट, जबरन रोकने एवं उत्पीड़न की घटना का स्वतः संज्ञान लिया है। मीडिया रिपोर्ट्स एवं प्रसारित वीडियो के अनुसार, कुछ लोगों ने रात में दोनों को घेरकर युवती को पकड़ने, खींचने एवं उसके साथ अभद्र व्यवहार किया, जबकि उसके साथी के साथ भी मारपीट की गई। आयोग की अध्यक्ष श्रीमती विजया राहतकर ने बिहार के पुलिस महानिदेशक (DGP) को पत्र लिखकर मामले में तत्काल FIR, वीडियो फुटेज के आधार पर सभी आरोपियों की पहचान एवं गिरफ्तारी तथा समयबद्ध एवं निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने को कहा है। आयोग ने पीड़ितों को सुरक्षा, कानूनी सहायता एवं मनोवैज्ञानिक परामर्श उपलब्ध कराने तथा सोशल मीडिया पर प्रसारित आपत्तिजनक वीडियो की आगे की शेयरिंग पर रोक लगाने के लिए आवश्यक कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अध्यक्ष ने 7 दिनों के भीतर विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट (ATR) भी मांगी है। महिलाओं की गरिमा, सुरक्षा और निजता से किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार्य नहीं है।
पटना /जमुई : पंकज शर्मा / दिल्ली:डॉ. निशा सिंह

