पटना : पंकज शर्मा
Bihar’s new BJP-led government, under Chief Minister Samrat Choudhary, faces a crucial floor test on April 24.
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी 24 अप्रैल को बिहार विधानसभा में विश्वासमत हासिल करेंगे। मुख्यमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली राजनीतिक परीक्षा होगी।विधानसभा के द्वितीय सत्र की विशेष बैठक 24 अप्रैल को सुबह 11 बजे से बुलाई गई है। 15 अप्रैल को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के पास वर्तमान में 202 विधायकों का समर्थन है। बिहार में बहुमत के लिए 122 सीटों की आवश्यकता होती है। ऐसे में विश्वासमत महज औपचारिकता माना जा रहा है। हालांकि सबकी नजरें अब 24 अप्रैल पर टिक गई हैं। फ्लूट टेस्ट से पहले आज 19 अप्रैल को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने झारखंड के देवघर स्थित विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की। मुख्यमंत्री ने बाबा बैद्यनाथ का जलाभिषेक किया और राज्य की खुशहाली, सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
नीतीश कुमार ने 2026 में राज्यसभा सदस्य बनने के बाद 14 अप्रैल को सीएम पद छोड़ा, जिसके बाद सम्राट चौधरी ने कमान संभाली है।
मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर मंथन जारी
बिहार में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार में देरी हो सकती है। सूत्रों के अनुसार, यह विस्तार पश्चिम बंगाल समेत अन्य राज्यों के विधानसभा चुनाव नतीजों यानि 4 मई के बाद होगा। सम्राट के साथ साथ दो उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी औरबिजेन्द्र यादव ने शपथ ली है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के पास गृह विभाग सहित कुल 29 विभागों की जिम्मेदारी दी गई है। डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी को जल संसाधन, संसदीय कार्य, भवन निर्माण, अल्पसंख्यक कल्याण, शिक्षा, ग्रामीण विकास और उच्च शिक्षा समेत 10 विभाग सौंपे गए हैं। दूसरे डिप्टी सीएम बिजेंद्र प्रसाद यादव को ऊर्जा, वित्त, वाणिज्य, समाज कल्याण, खाद्य एवं ग्रामीण कार्य समेत 8 विभागों की जिम्मेदारी मिली है।
नीतीश कुमार के कार्यकाल में बीजेपी के दो डिप्टी सीएम और 16 मंत्री थे, जबकि जेडीयू के 15 मंत्री थे. सहयोगी दलों को भी प्रतिनिधित्व दिया गया था। अब नए फार्मूले के तहत बीजेपी का सीएम और लगभग 15 मंत्री, जबकि जेडीयू के दो डिप्टी सीएम समेत करीब 16 मंत्री हो सकते हैं।
बिहार विधानसभा में कुल 243 सीटें हैं। एनडीए सरकार के पास वर्तमान में 202 विधायकों का समर्थन है। 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव परिणामों के अनुसार, कुल 243 सीटों में से भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। एनडीए (NDA) गठबंधन ने बहुमत हासिल किया है, जिसमें भाजपा (89), जदयू (85), लोजपा (रामविलास) (19) और हम (5) शामिल हैं। राजद (25) के साथ महागठबंधन विपक्ष में है।

