दिल्ली में स्वाइन फ्लू का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। दिल्ली में स्वाइन फ्लू के 1 हजार 777 मामले अब तक सामने आ चुके हैं। स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सतर्कता बढ़ा दी है। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री ने को जरूरी निर्देश दिए हैं। राजधानी दिल्ली में इन्फ्लूएंजा ए के अब तक 2,392 मामले सामने आ चुके हैं, जिसमे से स्वाइन फ्लू के 1,777 मामले शामिल है।
दिल्ली सरकार का कहना है कि लगातार स्थिति पर नजर रखी जा रही है, अस्पतालों में डॉक्टर, बेड और दवाइयों की कोई कमी नहीं है। दिल्ली सरकार स्वाइन फ्लू से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और मरीजों को इलाज देने के लिए सभी जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं।

दिल्ली में स्वाइन फ्लू के आंकड़े
H1N1 Cases Delhi : राजधानी दिल्ली के लिए स्वाईन फ्लू कोई नया नाम नहीं है। हालांकि दिल्ली में स्वाइन फ्लू के मामले हर साल एक जैसा नहीं रहता है। यह हर साल मौसम और प्रतिरक्षा स्तर के हिसाब से बदलता रहता है, यानि साल दर साल काफी अंतर देखने को मिलता है। इस साल दिल्ली में इन्फ्लुएंजा-ए के 2,300 से अधिक केस सामने आए हैं, जिनमें शुक्रवार तक एच1एन1 के 1,777 से अधिक केस शामिल हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक अकेले गुरुवार को एच1एन1 के 114 मामले सामने आए हैं। राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (NCDC)और स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली में स्वाइन फ्लू (H1N1) के मामले इस तरह से है – 2019 – (3,637), 2021 – (92) 2022 – (442) 2023 -(209) 2024 – (3,151) और 2025 – (229)।
दिल्ली स्वाइन फ्लू एडवाइजरी जारी
दिल्ली में स्वाइन फ्लू (H1N1) और इन्फ्लूएंजा-A के बढ़ते मामले को देखते हुए दिल्ली सरकार और स्वास्थ्य विभाग ने एडवाइजरी जारी कर दिया है। स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है और आम जनता के लिए विस्तृत हेल्थ एडवाइजरी जारी की गयी है। स्वास्थ्य विभाग और अधिकारी लगातार स्थिति की निगरानी कर रहे हैं, ताकि स्वाइन फ्लू को फैलने से रोका जा सके। राजधानी में एच1एन1 (स्वाइन फ्लू) के बढ़ते मामलों के बीच दिल्ली सरकार ने स्वास्थ्य संबंधी परामर्श जारी करते हुए लोगों से श्वसन संबंधी स्वच्छता का पालन करने, भीड़भाड़ वाली जगहों से बचने और समय पर चिकित्सकीय परामर्श लेने की अपील की है। दिल्ली सरकार का मानना है कि अगर स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी को लोग समझें और बचाव एवं आवश्यक सावधानियों का पालन करें तो इस बीमारी से आसानी से निपटा जा सकता है।
स्वाइन फ्लू के लक्षण और बचाव क्या है ?
स्वाइन फ्लू (H1N1) के लक्षण दिखने पर तुरंत आवश्यक इलाज कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है। स्वाइन फ्लू (H1N1) के प्रमुख लक्षण हैं –
तेज बुखार और खांसी,
गले में खराश और खराश के साथ दर्द,
सांस लेने में तकलीफ या भारीपन,
शरीर में तेज दर्द, सिरदर्द और थकान।
स्वास्थ्य परामर्श में डॉक्टरों ने कहा है कि यदि बुखार, खांसी, गले में खराश, सांस लेने में परेशानी, शरीर में दर्द या सिरदर्द जैसे लक्षण दिखाई दें, तो चिकित्सक की सलाह के बिना दवा न लेकर सीधे चिकित्सक से सलाह लें और अपना उचित इलाज करवायें।
स्वाइन फ्लू से बचाव और सावधानी के उपाय
स्वाइन फ्लू के बढ़ते आंकड़ों को देखते हुए दिल्ली के स्वास्थ्य विभाग ने इससे बचने के लिए कुछ सावधानी और बचाव के उपायों का उपयोग करने की लोगों से अपील की है, जैसे-
भीड़भाड़ वाली जगहों पर बाहर निकलते समय हमेशा मास्क लगाएं।
नियमित रूप से साबुन और पानी से हाथ धोएं या सैनिटाइजर का प्रयोग करें।
मुंह और नाक को टिशू या रूमाल से ढकें।
सार्वजनिक स्थानों पर थूकने से बचें।
बार-बार अपनी आंखों, नाक और मुंह को न छुएं।
श्वसन संक्रमण या फ्लू के लक्षण वाले लोगों से सुरक्षित दूरी बनाकर रखें।
शरीर में पानी की कमी न होने दें, पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ जैसे पानी, सूप, जूस लें।
(दिल्ली : डॉ. निशा सिंह)

