दिल्ली : PM मोदी भूटान की यात्रा से लौटते ही एयरपोर्ट से सीधे दिल्ली स्थित LNJP अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घायलों से मुलाकात की और उनकी हालत के बारे में डॉक्टरों से जानकारी ली। अस्पताल के अधिकारियों और डॉक्टरों ने भी उन्हें स्थिति की जानकारी दी। पीएम ने कहा, ‘इस साजिश के पीछे जो लोग हैं, उन्हें न्याय के कटघरे में लाया जाएगा, दो भी दोषी हैं, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा।
इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह धमाके के कुछ देर बाद ही अस्पताल पहुंचे थे। घायलों LNJP अस्पताल में चल रहा है। दिल्ली लालकिला के पास चलत्ती कार में ब्लास्ट धमाके की जाँच एनआईए कर रही है। 10 नवंबर 2025 को लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए विस्फोट में 12 लोगों की मौत हुई और कई घायल हुए थे।
पीएम मोदी ने कहा- घायलों और मृतक के परिजन को सरकार हर संभव मदद करेगी
प्रधानमंत्री मोदी ने सोमवार को कहा था कि उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की है। उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता मुहैया कराई जा रही है और जांच एजेंसियां घटना के पीछे की साजिश का पता लगाने में जुटी हैं। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने दिल्ली कार विस्फोट की जांच के लिए टीम का गठन किया है। दिल्ली लाल किला बम धमाका मामले में NIA ने स्पेशल 10 की टीम का गठन किया है, जो घटना की तह तक जाने का काम करेगी। IPS विजय सखारे टीम की कमान संभालेंगे। जो पुलिस अधीक्षक से लेकर उससे ऊपर के वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में काम करेगी। बता दें कि एक दिन पहले ही गृह मंत्रालय ने दिल्ली कार धमाके की जांच एनआईए को सौंपी थी।
दिल्ली लालकिला ब्लास्ट केस की जांच तेज
दिल्ली लालकिला ब्लास्ट केस की जाँच के दौरान सहारनपुर-फरीदाबाद में पकड़े गए डॉक्टरों का जैश ए मोहम्मद से कनेक्शन उजागर हुआ है। जाँच एजेंसियों को शक है कि पाकिस्तानी आतंकी मसूद अजहर का भाई मौलाना अम्मार इस मॉड्यूल का मास्टरमाइंड है। दिल्ली कार ब्लास्ट में आरोपी डॉक्टर उमर और मुजम्मिल शकील तुर्की जाकर जैश-ए-मोहम्मद के हैंडलर्स से मिले थे। इधर दिल्ली ब्लास्ट मामले को लेकर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां देशभर में छापेमार कार्रवाई कर रही हैं। जम्मू-कश्मीर में प्रतिबंधित संगठन जमात-ए-इस्लामी (जेईआई) के खिलाफ सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ी कार्रवाई की है।
दिल्ली सरकार ने एलान किया है कि घटना में मृतक के परिवारों को ₹10 लाख, स्थायी रूप से अक्षम लोगों को ₹5 लाख, गंभीर रूप से घायलों को ₹2 लाख की राशि देगी।

